*जगदगुरू रामानंदाचार्य का आगमन 17 को अंबागढ़ चौकी में समस्या नहीं निवारण शिविर का किया जाएगा आयोजन*

*जगदगुरू रामानंदाचार्य का आगमन 17 को अंबागढ़ चौकी में समस्या नहीं निवारण शिविर का किया जाएगा आयोजन*

17 फरवरी को जगद्गुरु रामानंदाचार्य नरेन्द्राचार्य का आगमन

ग्रीन पार्क स्टेडियम में होगा एक दिवसीय समस्या मार्गदर्शन

मोहला

जिले मोहला मानपुर अंबागढ़ चौकी के अंतर्गत अंबागढ़ चौकी नगर में 17 फरवरी, मंगलवार को हिंदू धर्म के प्रतिष्ठित धर्मगुरु जगद्गुरु रामानंदाचार्य नरेन्द्राचार्य का आगमन होने जा रहा है। नगर के ग्रीन पार्क स्टेडियम में आयोजित एक दिवसीय “समस्या मार्गदर्शन कार्यक्रम” को लेकर तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। कार्यक्रम की जानकारी देने हेतु अनुयायियों ने प्रेसवार्ता आयोजित कर बताया कि सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक समस्या मार्गदर्शन सत्र चलेगा। इच्छुक श्रद्धालुओं के लिए समस्या मार्गदर्शन की पर्ची सुबह 7 से 8 बजे के बीच निशुल्क वितरित की जाएगी। आयोजकों ने अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कार्यक्रम का लाभ लेने की अपील की गई है।

जगद्गुरु का संक्षिप्त परिचय

अनुयायियों ने बताया कि जगद्गुरु रामानंदाचार्य नरेन्द्राचार्य का जन्म 21 अक्टूबर 1966 को महाराष्ट्र राज्य के रत्नागिरी जिले के नानीज ग्राम में एक साधारण किसान परिवार में हुआ। बचपन से ही उन्हें माता-पिता से मिले संस्कारों के कारण भक्ति के प्रति विशेष लगाव रहा।

दत्तात्रेय भगवान एवं गजानन महाराज की कृपा से उन्हें सद्गुरु काड़ सिद्धेश्वर महाराज का सान्निध्य प्राप्त हुआ और गुरुकृपा से अल्पायु में ही आत्मसाक्षात्कार की प्राप्ति हुई। वर्ष 2005 में उन्हें “जगद्गुरु रामानंदाचार्य” की उपाधि से अलंकृत किया गया।

उनके दो मूल मंत्र बताए जाते हैं—

“तुम जिओ, दूसरों को जीने में सहायता करो।”

“सपने में भी किसी का बुरा मत सोचो।”

वे ज्ञान मार्ग से भक्ति कराकर व्यक्ति के मन को सशक्त बनाने और जीवन को उज्ज्वल दिशा देने का संदेश देते हैं। उनका प्रसिद्ध कथन है— “पहले आजमाओ, फिर मानो।”

आध्यात्मिक के साथ सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय

आयोजकों ने बताया कि आध्यात्मिक मार्गदर्शन के साथ-साथ जगद्गुरु रामानंदाचार्य नरेन्द्राचार्य के निर्देशन में कई सामाजिक कार्य भी संचालित किए जा रहे हैं। उनकी प्रेरणा से 56 हजार से अधिक भक्तों ने देहदान के फॉर्म भरे हैं, जिनमें से अब तक 172 देहदान विभिन्न मेडिकल कॉलेजों में संपन्न हो चुके हैं।

नेशनल हाईवे 53 पर निःशुल्क एंबुलेंस सेवा संचालित की जा रही है, जिससे अब तक 18,500 से अधिक लोगों की जान बचाई गई है।

अब तक 1 लाख 53 हजार से अधिक हिंदू परिवारों की विधिवत घर वापसी कराई गई है।

जनवरी माह में उनकी प्रेरणा से देशभर में 1 लाख 71 हजार से अधिक भक्तों ने निःशुल्क रक्तदान किया।

निःशुल्क वेद पाठशालाओं के माध्यम से 500 से अधिक विद्वान पंडित तैयार हुए हैं, जो देश-विदेश में सेवाएं दे रहे हैं।

“ब्लड इन नीड” अभियान के तहत जरूरतमंदों को त्वरित रक्त उपलब्ध कराया जाता है। नानीजधाम स्थित सीबीएसई स्कूल में गरीब एवं पिछड़े वर्ग के विद्यार्थियों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान की जा रही है।

श्रद्धालुओं से अधिकाधिक उपस्थिति की अपील

नगर में इस आध्यात्मिक आयोजन को लेकर उत्साह का माहौल है। आयोजकों ने सभी भक्तजनों से आग्रह किया है कि वे अधिक संख्या में उपस्थित होकर जगद्गुरु के दर्शन एवं मार्गदर्शन का लाभ प्राप्त करें और अपने जीवन को आध्यात्मिक दिशा प्रदान करें। अंबागढ़ चौकी में होने वाला यह आयोजन जिले के लिए एक महत्वपूर्ण आध्यात्मिक अवसर माना जा रहा है।